सचेंडी में हाईटेक छापेमारी, 8 आरोपी गिरफ्तार; रोजाना लाखों के अवैध कारोबार का खुलासा
कानपुर। शहर में नशे के खिलाफ बड़ी और तकनीकी रूप से उन्नत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने ‘कानपुर ऑपरेशन व्हाइट पाउडर’ के तहत गांजा तस्करी के एक सक्रिय नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई थाना सचेंडी क्षेत्र में की गई, जहां लंबे समय से अवैध नशे के कारोबार की शिकायतें मिल रही थीं।
ड्रोन तकनीक से मिली सफलता
इस ऑपरेशन की सबसे खास बात यह रही कि पुलिस ने पहली बार ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल किया। संकरी गलियों और मकानों की छतों पर हो रही संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी गई, जिससे तस्करों की सटीक लोकेशन का पता चल सका।
8 आरोपी गिरफ्तार, महिलाएं भी शामिल
पुलिस टीम ने छापेमारी के दौरान कुल 8 लोगों को गिरफ्तार किया, जिनमें 7 महिलाएं और 1 पुरुष शामिल हैं। सभी आरोपी इलाके में गांजे की पुड़िया बनाकर बेचने के काम में लगे हुए थे।
भारी मात्रा में गांजा और नकदी बरामद
तलाशी के दौरान पुलिस ने 3 किलो से अधिक अवैध गांजा और करीब 92 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। यह रकम नशे के कारोबार से अर्जित बताई जा रही है।
रोजाना लाखों का कारोबार उजागर
जांच में सामने आया कि इस नेटवर्क के जरिए प्रतिदिन लगभग 4 से 5 लाख रुपये तक का गांजा बेचा जा रहा था, जो क्षेत्र में नशे के बढ़ते प्रभाव को दर्शाता है।
70 से ज्यादा पुलिसकर्मियों ने की घेराबंदी
इस बड़े ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए क्राइम ब्रांच, सचेंडी थाना, पनकी थाना और रिजर्व पुलिस बल के 70 से अधिक जवानों को तैनात किया गया था। ड्रोन से लोकेशन मिलते ही पूरे इलाके को घेरकर एक साथ कार्रवाई की गई।
पुलिस का बयान

एडीसीपी क्राइम सुमित एस रामटेके ने बताया कि पुलिस को लंबे समय से इस इलाके में मादक पदार्थों की बिक्री की सूचना मिल रही थी। ड्रोन की मदद से सटीक जानकारी जुटाकर यह कार्रवाई की गई, जिससे नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। उन्होंने कहा कि आगे भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।
सरगना की तलाश जारी
फिलहाल पुलिस इस गिरोह के मुख्य संचालक और सप्लाई चेन से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। इस कार्रवाई के बाद नशा तस्करों में हड़कंप का माहौल है।